जन वाणी न्यूज़
मसूदाबाद-बामला में अवैध खनन का खेल बेखौफ
उपजाऊ जमीन को बनाया जा रहा 40-50 फुट गहरे गड्ढों का बीहड़, शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं
रविन्द्र बंसल वरिष्ठ संवाददाता /जन वाणी न्यूज़
लोनी/ट्रॉनिका सिटी। लोनी तहसील अंतर्गत ट्रॉनिका सिटी थाना क्षेत्र के माजरा मसूदाबाद-बामला में अवैध मिट्टी खनन का मामला लगातार गंभीर रूप लेता जा रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों की कथित मिलीभगत के चलते क्षेत्र में लंबे समय से धड़ल्ले से अवैध खनन कराया जा रहा है, जिससे बहुफसलीय एवं उपजाऊ भूमि पूरी तरह बर्बाद होती जा रही है। हालात यह हैं कि जहां कभी समतल कृषि भूमि थी, वहां अब 25 से 50 फुट तक गहरे गड्ढे बन चुके हैं और पूरा इलाका बीहड़ में तब्दील होता दिखाई दे रहा है।
ग्रामीणों के अनुसार बीती 9 मई की रात करीब 9 बजे भी मसूदाबाद-बामला क्षेत्र में भारी पैमाने पर अवैध मिट्टी खनन किया गया। खनन में लगे ट्रैक्टर-ट्रॉली, डंपर और हाइवा ट्रक खुलेआम मिट्टी भरकर आवास विकास मार्ग होते हुए दिल्ली-सहारनपुर रोड के रास्ते लोनी की ओर जाते देखे गए। आरोप है कि इन वाहनों से उड़ती धूल ने आसपास के गांवों का वातावरण दूषित कर दिया है, जिससे लोगों में सांस एवं अन्य स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि इस संबंध में कई बार प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस से शिकायत की जा चुकी है। किसान यूनियन के क्षेत्रीय नेता नीरज त्यागी द्वारा भी कई अवसरों पर संबंधित अधिकारियों को अवैध खनन की शिकायत दी गई, लेकिन आज तक प्रभावी कार्रवाई नहीं हो सकी। आरोप है कि बीती रात के खनन के वीडियो और तस्वीरें भी ट्रॉनिका सिटी थाना प्रभारी को भेजी गईं, बावजूद इसके कार्रवाई के नाम पर केवल “देखते हैं” कहकर मामला टाल दिया गया।
क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि अवैध खनन से न केवल पर्यावरणीय संतुलन बिगड़ रहा है, बल्कि वन्य जीव-जंतुओं के प्राकृतिक आवास भी प्रभावित हो रहे हैं। गहरे गड्ढों के कारण भविष्य में हादसों की आशंका भी बढ़ गई है। दूसरी ओर बिना रॉयल्टी के मिट्टी खनन से सरकार को राजस्व का भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि मसूदाबाद-बामला क्षेत्र में चल रहे अवैध खनन की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए, खनन में संलिप्त लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई हो तथा क्षेत्र की कृषि भूमि और पर्यावरण को बचाने के लिए तत्काल प्रभाव से अवैध खनन पर रोक लगाई जाए।
