जन वाणी न्यूज़
लोनी अपहरण कांड में बड़ा खुलासा : साजिशकर्ताओं को शरण देने वाले 5 और गिरफ्तार, अब तक 17 आरोपी दबोचे गए
डेयरी संचालक ओंकार के अपहरण व गोलीकांड में पुलिस की लगातार कार्रवाई, मुख्य आरोपी अब भी फरार; 50-50 हजार का इनाम घोषित
रविन्द्र बंसल वरिष्ठ संवाददाता
गाजियाबाद। लोनी क्षेत्र के चर्चित डेयरी संचालक ओंकार अपहरण और गोलीकांड प्रकरण में लोनी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उन पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जो फरार चल रहे मुख्य आरोपियों को संरक्षण देने में लगे हुए थे। पुलिस के अनुसार अब तक इस सनसनीखेज प्रकरण में कुल 17 अभियुक्त गिरफ्तार किए जा चुके हैं, जबकि घटना को अंजाम देने वाले मुख्य आरोपी अभी भी पुलिस पकड़ से बाहर हैं। उन पर 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित है।
यह मामला 30 मई 2026 का है, जब गनौली गांव निवासी सुरेन्द्र पुत्र राममहर ने थाना लोनी में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि उनके परिजन ओंकार को पुरानी रंजिश के चलते आरोपियों ने गोली मारने के बाद जबरन वाहन में डालकर अपहरण कर लिया। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से पूरे क्षेत्र में दहशत फैल गई थी और लगातार कई दिनों तक ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला था।
पुलिस ने इस मामले में तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। विवेचना के दौरान सामने आया कि घटना केवल हमला या अपहरण नहीं, बल्कि सुनियोजित आपराधिक षड्यंत्र का हिस्सा थी। पुलिस के अनुसार पहले गिरफ्तार किए गए आरोपियों विजेंद्र, आजाद और अजब सिंह ने घटना की साजिश रचने में अहम भूमिका निभाई थी। इसके बाद जांच का दायरा बढ़ाया गया तो फरार आरोपियों को छिपाने और उन्हें संरक्षण देने वाले अन्य लोगों के नाम भी सामने आए।
इसी क्रम में गुरुवार को लोनी पुलिस ने बुलंदशहर और भोजपुर क्षेत्र से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में संदीप भाटी, संदीप कुमार मावी, राहुल भाटी, सुमित और अमित शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि ये सभी फरार अभियुक्तों को शरण देने और पुलिस कार्रवाई से बचाने में मदद कर रहे थे।
पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने स्वीकार किया कि पुरानी रंजिश के चलते विपक्षियों से बदला लेने के लिए पूरी साजिश रची गई थी। पुलिस का दावा है कि घटना योजनाबद्ध तरीके से अंजाम दी गई और इसमें कई लोग अलग-अलग भूमिकाओं में शामिल थे।
हालांकि पुलिस लगातार गिरफ्तारी कर रही है, लेकिन सबसे बड़ा सवाल अब भी वही बना हुआ है कि मुख्य आरोपी आखिर कब तक गिरफ्त से बाहर रहेंगे और अपहृत ओंकार के संबंध में पूरी सच्चाई कब सामने आएगी। क्षेत्र में अभी भी भय और तनाव का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक मुख्य आरोपी गिरफ्तार नहीं होते और पूरे घटनाक्रम का खुलासा नहीं होता, तब तक लोगों के मन से डर खत्म नहीं होगा।
पुलिस के अनुसार फरार आरोपियों गौरव, सौरभ उर्फ भोला, गोपाल, गौरव निवासी बादलपुर और मोहित की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस टीमों को कई स्थानों पर लगाया गया है और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर छापेमारी की जा रही है।
इस पूरे प्रकरण ने एक बार फिर लोनी क्षेत्र में बढ़ते आपराधिक दुस्साहस और गैंग आधारित रंजिशों को उजागर कर दिया है। दिनदहाड़े गोली मारकर अपहरण जैसी घटना ने कानून-व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े किए हैं। वहीं पुलिस लगातार कार्रवाई कर अपनी सक्रियता दिखाने में जुटी हुई है।
